n NBT रिपोर्ट, गाजियाबाद
गाजियाबाद में घरेलू गैस की भारी किल्लत और बड़े पैमाने पर हो रही कालाबाजारी ने निर्माण उद्योग की कमर तोड़ दी है। क्रेडाई (CREDAI) गाजियाबाद के अध्यक्ष राकेश कुमार अग्रवाल ने इस स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा है कि यदि प्रशासन ने तुरंत हस्तक्षेप नहीं किया तो पूरा निर्माण ठप हो जाएगा। वर्तमान में हालात इतने खराब हैं कि जो गैस सिलिंडर सामान्य दरों पर मिलने चाहिए, वे अवैध रूप से 4,500 से 5,000 रुपये तक में बेचे जा रहे। छोटे सिलिंडरों की रिफिलिंग के लिए भी श्रमिकों को 400-500 रुपये प्रति किलो तक चुकाने पड़ रहे हैं। इस महंगाई और ईंधन के अभाव के कारण लगभग 40-50 फीसदी निर्माण श्रमिक अपने गांवों की ओर पलायन कर चुके हैं। राकेश कुमार अग्रवाल के मुताबिक, इस संकट का सीधा असर न केवल परियोजनाओं की लागत और समयसीमा पर पड़ रहा, बल्कि इससे घर खरीदारों पर भी अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा।


