300% मुनाफे का झांसा देकर 43 लाख रुपये का साइबर फ्रॉड

नवभारतटाइम्स.कॉम

साइबर जालसाजों ने 300 प्रतिशत मुनाफे का लालच देकर एक व्यक्ति से 43 लाख रुपये ठग लिए। वॉट्सऐप ग्रुप के जरिए सेबी से रजिस्टर्ड कंपनी का प्रतिनिधि बताकर निवेश कराया गया। मुनाफे की रकम निकालने पर 15 प्रतिशत इनकम टैक्स मांगा गया, जिससे ठगी का खुलासा हुआ। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज की है।

300 profit lure 43 lakh cyber fraud impersonated sebi registered company

n NBT रिपोर्ट, लखनऊ: शेयर और आईपीओ ट्रेडिंग में निवेश पर 300 प्रतिशत तक के लाभ का झांसा देकर साइबर जालसाजों ने एक व्यक्ति से 43 लाख रुपये ठग लिए। साइबर जालसाजों ने वॉट्सऐप ग्रुप के जरिए संपर्क कर खुद को सेबी से रजिस्टर्ड कंपनी का प्रतिनिधि बताया था। निवेश के नाम पर रुपये ट्रांसफर करा लिए थे। पीड़ित ने मुनाफे की रकम निकालने का प्रयास किया तो उससे 15 प्रतिशत इनकम टैक्स जमा करने की मांग की गई। इसके बाद ठगी का खुलासा हुआ। पीड़ित की शिकायत पर अलीगंज पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है।

अलीगंज के चंद्रलोक कॉलोनी स्थित ऐमन अपार्टमेंट निवासी अभिषेक भारती ने पुलिस को बताया कि कुछ दिनों पहले उन्हें बी7 इंवेस्टमेंट स्ट्रेटजी डिस्कशन नाम के वॉट्सऐप ग्रुप में जोड़ा गया था। करीब डेढ़ माह बाद उन्हें ए17 वर्मा इंवेस्टमेंट क्लब इंटर्नशिप टीम नामक दूसरे ग्रुप में शामिल किया गया। दोनों ग्रुप के एडमिन जयेश वर्मा थे। ग्रुप में शेयर बाजार और निवेश से संबंधित जानकारी साझा की जाती थी।

इसके बाद साइबर जालसाजों ने फरालोन कैपिटल मैनेजमेंट नाम की ऐप का प्रचार कर निवेश के लिए प्रेरित किया। साथ ही कंपनी को सेबी से रजिस्टर्ड बताते हुए प्रमाण पत्र भी शेयर किया। भरोसा होने पर पीड़ित अभिषेक ने विभिन्न खातों में रकम ट्रांसफर की। पीड़ित के अनुसार, गोल्डलाइन-पी आईपीओ में निवेश पर 300 प्रतिशत लाभ का दावा किया गया। आईपीओ रजिस्टर्ड होने पर अधिक शेयर मिलने की बात कही गई। साइबर जालसाजों के जाल में फंस कर पीड़ित ने रुपये निवेश कर दिए। ऐप में निवेश और मुनाफे की कुल रकम करीब सवा करोड़ रुपये दिखाई जाने लगी। जब पीड़ित अभिषेक ने रकम निकालने का प्रयास किया तो उनसे 15 % इनकम टैक्स जमा करने को कहा गया। इस पर उन्हें शक हुआ। जांच-पड़ताल करने पर साइबर फ्रॉड का पता चला। इसके बाद उन्होंने अलीगंज पुलिस स्टेान में रिपोर्ट दर्ज कराई।