n NBT रिपोर्ट, लखनऊ
पीजीआई इलाके में 27 मई को हुई प्रॉपर्टी डीलर संदीप सिंह हत्याकांड की जांच के दौरान पुलिस ने मुख्य साजिशकर्ता बताए जा रहे आरोपित दिनेश कुमार यादव की निशानदेही पर चार लग्जरी गाड़ियां बरामद की हैं। इसके अलावा एक फर्जी नंबर प्लेट, दो मोबाइल फोन और नकदी भी बरामद की गई है। पुलिस ने मुख्य साजिशकर्ता और उसके ड्राइवर को सोमवार को जेल भेज दिया। पुलिस के मुताबिक आरोपित दिनेश पूर्व में संदीप का पार्टनर था। वहीं सूत्रों का कहना है कि वह प्रदेश के एक प्रमुख राजनीतिक दल से जुड़ा हुआ है।
एसटीएफ ने इस मामले में सर्विलांस और सीसीटीवी कैमरों की फुटेज के आधार पर अम्बेडरनगर निवासी मुकर्रबीन उर्फ मुबीन को डलौना अंडरपास से गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने एसटीएफ को बताया कि उसने मूलरूप से अम्बेडकर नगर व मौजूदा समय में काकोरी के समदा इलाके में रहने वाले प्रॉपर्टी डीलर दिनेश कुमार यादव के कहने पर वारदात करवाई। ड्राइवर ने बताया कि वर्ष 2016 से दिनेश कुमार यादव का चालक है। दिनेश यादव विभिन्न स्थानों पर प्रॉपर्टी का कार्य करता है। उसका संदीप सिंह से समदा स्थित जमीन को लेकर काफी समय से विवाद चल रहा था।
चालक से कहा था, संदीप को रास्ते से हटाना है
संदीप ने 29 दिसंबर 2025 में काकोरी थाने में दिनेश यादव, चंद्र कुमार, शिवपाल यादव और मनीष यादव के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट और संदीप की ओर से की जा रही अन्य शिकायतों से मुख्य साजिशकर्ता दिनेश परेशान था। मुख्य साजिशकर्ता ने चालक से कहा था कि संदीप को रास्ते से हटाना है। ड्राइवर मुकर्रबीन ने ही एक व्यक्ति से बात कर पांच लाख रुपये की सुपारी दी थी। उसके बाद दो शूटर को लखनऊ बुलाकर रहने और अन्य व्यवस्था भी उसी ने की थी। दिनेश यादव के कहने पर चालक ने शूटरों को संदीप सिंह के आने-जाने का रूट दिखाया।
यही नहीं मुख्य साजिशकर्ता ने हत्या के लिए बाइक खरीदने के लिए रुपये दिए थे। ड्राइवर ने अमीनाबाद से एक सेकंड हैंड अपाचे खरीदकर नंबर प्लेट बदलकर कई बार रेकी कराई थी। दिनेश ने 27 मई को हत्या करने की बात कही थी। बकरीद के बहाने चालक मुकर्रबीन गांव गया था और दिनेश भी कहीं जाने वाला था। जिसके चलते वे लखनऊ में नहीं थे। वारदात के बाद शूटरों ने कॉल कर बताया था कि संदीप को मार दिया है। आरोपित दिनेश पर धोखाधड़ी, रंगदारी समेत करीब नौ मामले काकोरी, वजीरगंज, गोमतीनगर, आशियाना, कृष्णानगर व आलापुर थाने में केस दर्ज हैं।

