n सुनील गौड़, फरीदाबाद
एनआईटी-3 स्थित नेहरू कॉलोनी में तोड़फोड़ की कार्रवाई के बाद अब सेक्टर-91 स्थित ओमेक्स इंटेक्स फेज-2 के समीप दुर्गा बिल्डर की भूमि पर विकसित कॉलोनियों पर संकट के बादल मंडरा गए हैं, क्योंकि जिला नगर योजनाकार (इंफोर्समेंट) की ओर से इस बारे में सार्वजनिक सूचना ने हजारों परिवारों की चिंता बढ़ा दी है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अधिसूचित टाउन एंड कंट्री प्लानिंग क्षेत्र में बिना लाइसेंस विकसित की गई कॉलोनियों तथा सार्वजनिक उपयोग की भूमि पर किए गए अतिक्रमण और अवैध निर्माण के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
सूत्रों के अनुसार, इस कार्रवाई के दायरे में दीपावली कॉलोनी और पंचशील कॉलोनी सहित आसपास की कई बस्तियां आ सकती हैं। अनुमान है कि अगर प्रशासनिक कार्रवाई आगे बढ़ती है तो करीब तीन हजार परिवार प्रभावित हो सकते हैं। क्षेत्र में इस सूचना के बाद असमंजस और भय का माहौल है।
सार्वजनिक सूचना में कहा गया है कि सुप्रीम कोर्ट के 18 मई 2026 के आदेश के अनुपालन में पार्क, ग्रीन बेल्ट, सड़क, स्कूल साइट और अन्य सार्वजनिक उपयोग की भूमि पर किए गए अतिक्रमण हटाए जाएंगे। साथ ही लोगों को चेतावनी दी गई है कि वे किसी भी प्रकार का नया निर्माण न करें और बिना वैधता जांचे कोई प्लॉट या संपत्ति न खरीदें। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय लोगों ने अपनी चिंता जनप्रतिनिधियों तक पहुंचानी शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि हरियाणा सरकार में राज्यमंत्री राजेश नागर के संज्ञान में भी यह मामला लाया गया है। सूत्रों के मुताबिक, राज्यमंत्री इस पूरे प्रकरण की गंभीरता को समझते हुए प्रभावित परिवारों को राहत देने और संभावित समाधान तलाशने पर विचार कर रहे हैं।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि अगर बिना वैकल्पिक व्यवस्था के बड़ी कार्रवाई होती है तो हजारों लोगों के सामने आवास का संकट खड़ा हो सकता है। वहीं प्रशासन का कहना है कि कानून के अनुसार ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। अब लोगों की निगाहें सरकार, प्रशासन और जनप्रतिनिधियों पर टिकी हैं कि हजारों परिवारों के भविष्य से जुड़े इस संवेदनशील मुद्दे का क्या समाधान निकलता है।


