n NBT रिपोर्ट, लखनऊ : समाज कल्याण विभाग ने प्रदेश के सर्वोदय विद्यालयों, आश्रम पद्धति विद्यालयों और छात्रावासों में पेड़ों के संरक्षण के लिए ‘ वृक्ष परिसंपत्ति प्रबंधन व्यवस्था’ लागू करने का निर्णय लिया है। इसके तहत हर पेड़ को यूनिक नंबर दिया जाएगा और उसकी प्रजाति, स्थान, अनुमानित उम्र, स्थिति व फोटो सहित डिजिटल रेकॉर्ड तैयार किया जाएगा। सभी विवरण ‘वृक्ष परिसंपत्ति पंजिका’ में दर्ज होंगे, जिससे नियमित निगरानी आसान होगी।
प्रमुख सचिव अनुराग यादव ने इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। अब संस्थानों के सभी पेड़ विभागीय संपत्ति माने जाएंगे। सक्षम अधिकारी की अनुमति के बिना पेड़ काटना या बड़े स्तर पर छंटाई करना प्रतिबंधित होगा। हर साल पेड़ों का भौतिक सत्यापन करवाया जाएगा। समाज कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण ने कहा कि विभागीय संस्थानों को शिक्षा के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण का आदर्श मॉडल बनाने का प्रयास किया जा रहा है।


