n NBT रिपोर्ट, फरीदाबाद : अगर आप प्रॉपर्टी खरीदने जा रहे हैं तो पहले हर तरह से तस्दीक कर लें कि उस पर कोई विवाद या फर्जीवाड़ा तो नहीं। गांव बुढेना निवासी सुखबीर सिंह की जरा सी लापरवाही उन पर भारी पड़ गई। वह करोड़ों रुपये गंवा बैठे। आरोप है कि एक व्यक्ति से चरणबद्ध तरीके से बड़ी रकम ऐंठी गई। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामले की जांच आर्थिक अपराध शाखा को सौंप दी गई है। दोनों पक्षों के बीच सौदा वर्ष 2024 में हुआ था, जिसमें करीब 67–68 गज की दुकान का सौदा साढ़े तीन करोड़ रुपये में तय किया गया था।
गांव बुढेना निवासी सुखबीर सिंह ने शिकायत में बताया कि सेक्टर-19 निवासी अंकुश गुप्ता, जितेंद्र गुप्ता, मूलचंद गुप्ता और मधुसूदन ने वॉर्ड नंबर-7 स्थित दुकान बेचने के लिए 28 अक्टूबर 2024 को पहला इकरारनामा किया। आरोपियों ने दावा किया कि संपत्ति पूरी तरह विवाद और कर्ज से मुक्त है। पीड़ित से करीब 76.40 लाख रुपये बैंक और नकद के माध्यम से ले लिए गए। रजिस्ट्री की तारीख 27 फरवरी 2025 तय की गई थी।
रजिस्ट्री टालते रहे: तय समय से पहले ही आरोपियों ने रजिस्ट्री कराने में असमर्थता जताई और 21 फरवरी 2025 को दूसरा इकरारनामा कर लिया। इसमें संपत्ति की कीमत कम दिखाकर फिर से रकम वसूली गई। नई रजिस्ट्री तिथि 25 अप्रैल 2025 तय की गई। इसके बाद 16 मई 2025 को तीसरा इकरारनामा किया, पीड़ित से 1.45 करोड़ रुपये वसूल लिए गए।।






