n NBT रिपोर्ट, गुड़गांव
मॉनसून से पहले संभावित बाढ़ और प्राकृतिक आपदाओं से निपटने की तैयारियों को परखने के लिए गुड़गांव में 14 मई को बाढ़ बचाव मॉक ड्रिल होगी। हरियाणा की अतिरिक्त मुख्य सचिव व वित्तायुक्त, राजस्व व आपदा प्रबंधन विभाग डॉ. सुमिता मिश्रा ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से हुई बैठक में संबंधित विभागों और जिलों के अधिकारियों को इसके निर्देश दिए। जिला स्तर पर अतिरिक्त उपायुक्त सोनू भट्ट ने आपदा प्रबंधन से जुड़े अधिकारियों के साथ बैठक कर तैयारियों की समीक्षा की। सोनू भट्ट ने बताया कि ताऊ देवीलाल स्टेडियम को स्टेजिंग एरिया बनाया गया है, जहां से पूरी मॉक ड्रिल संचालित होगी। अभ्यास के दौरान डीएलएफ फेज-1 अंडरपास, सेक्टर 43, सेक्टर 27 और सिग्नेचर टावर अंडरपास में बाढ़ जैसी स्थिति बनाकर रेस्क्यू ऑपरेशन किए जाएंगे। जिला आपदा ऑपरेशन सेंटर लघु सचिवालय में स्थापित किया जाएगा। मॉक ड्रिल के दौरान रेस्क्यू ऑपरेशन, प्राथमिक उपचार, राहत सामग्री वितरण, आपातकालीन संचार व्यवस्था और प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाने जैसी व्यवस्थाओं का अभ्यास होगा। साथ ही अफवाहों से बचाव और लोगों को जागरूक करने के लिए भी विशेष इंतजाम किए जाएंगे। बैठक में मानेसर के एसडीएम दर्शन यादव, सीटीएम ज्योति नागपाल, डीआरओ विजय यादव, आईआरबी भोंडसी के अनिल कुमार, एचएसडीआरएफ के अशोक कुमार, डीटीओ जतिन शर्मा, डिप्टी डीईओ डॉ. दीप्ति बोकन, असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. मानसी अरोड़ा, एक्सईएन मनोज कुमार, बीर सिंह, तहसीलदार गजे सिंह, तहसीलदार राजेश, एएफएसओ सुनील कुमार और आपदा मित्र रेडक्रॉस के रोहताश शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
300 युवा आपदा मित्रों को दी गई इमरजेंसी रिस्पॉन्डर किट : जिले में आपदा प्रबंधन तैयारियों को मजबूत करने के उद्देश्य से 300 युवा आपदा मित्र वॉलंटियर्स को इमरजेंसी रिस्पॉन्डर किट वितरित की गई। सोनू भट्ट ने बताया कि गुड़गांव में कुल 750 युवा वॉलंटियर्स को आपदा प्रबंधन के लिए प्रशिक्षित किया जा रहा है, जिनमें से 300 का प्रशिक्षण पूरा हो चुका है। प्रशिक्षित युवा आपदा मित्र आपात स्थिति में राहत व बचाव कार्यों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

