नोटिफिकेशन के मुताबिक ये सभी संस्थान सह-शिक्षा (को-एजुकेशनल) स्कूल के रूप में कार्य करेंगे। लड़के और लड़कियां साथ पढ़ाई करेंगे। सरकार ने इन स्कूलों में शिक्षकों की नियुक्ति के लिए स्क्रीनिंग प्रक्रिया लागू करने का फैसला लिया है। यह प्रक्रिया मॉडल संस्कृति स्कूल और पीएम श्री स्कूलों की तर्ज पर होगी, ताकि योग्य और दक्ष शिक्षकों की तैनाती सुनिश्चित की जा सके। इन स्कूलों को अपने-अपने क्षेत्रों में “हब स्कूल” की भूमिका भी दी जाएगी। ये आसपास के स्कूलों को संसाधन और विशेषज्ञता उपलब्ध कराएंगे।

