Cm Revanth Reddys Ambitious Goal To Make Telangana South Asias Textile Capital By 2047
तेलंगाना को 2047 तक दक्षिण एशिया की वस्त्र राजधानी बनाने का लक्ष्य: सीएम रेवंत रेड्डी
Others•
तेलंगाना को 2047 तक दक्षिण एशिया की वस्त्र राजधानी बनाने का लक्ष्य है। मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने यह घोषणा की है। राज्य सरकार कपड़ा उद्योग को हर संभव मदद दे रही है। इसमें बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर, जमीन, बिजली और पानी शामिल हैं। तेलंगाना राइजिंग 2047 योजना के तहत अर्थव्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। कपास उत्पादन में तेलंगाना अग्रणी है।
हैदराबाद, तीन अप्रैल: तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने शुक्रवार को एक बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि उनकी सरकार का सपना है कि साल 2047 तक तेलंगाना को 'दक्षिण एशिया की वस्त्र राजधानी' बना दिया जाए। यह बात उन्होंने 'एशियन टेक्सटाइल्स कॉन्फ्रेंस 2026' (एटेक्सकॉन) में कही। मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार कपड़ा उद्योग को हर तरह की मदद दे रही है। इसमें बढ़िया इंफ्रास्ट्रक्चर, जमीन, बिजली, पानी और खास आर्थिक छूट शामिल हैं। वस्त्र राजधानी का मतलब है एक ऐसा बड़ा हब जहाँ कपड़ों का खूब उत्पादन होता है, उनकी खरीद-बिक्री होती है और उन्हें दूसरे देशों में भेजा जाता है।
मुख्यमंत्री रेड्डी ने यह भी बताया कि उनकी ' तेलंगाना राइजिंग 2047 ' योजना के तहत, देश की आजादी के 100 साल पूरे होने तक राज्य की अर्थव्यवस्था को 3 हजार अरब डॉलर तक पहुँचाना है। इस बड़े लक्ष्य में कपड़ा उद्योग का बहुत अहम योगदान होगा। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि तेलंगाना देश में कपास उगाने वाले बड़े राज्यों में से एक है। यहाँ का कपास अपनी क्वालिटी के लिए पूरी दुनिया में मशहूर है। इस दिशा में सरकार ने वारंगल में एक शानदार 'काकतीय मेगा टेक्सटाइल पार्क' भी बनाया है।मुख्यमंत्री ने पर्यावरण को लेकर भी अपनी सरकार की प्रतिबद्धता जताई। उन्होंने कहा कि पर्यावरण की सुरक्षा उनकी सबसे बड़ी प्राथमिकता है। इसी के चलते राज्य में 'हरित वस्त्र केंद्र' खोले जाएंगे। ये केंद्र पर्यावरण के अनुकूल कपड़ा उत्पादन को बढ़ावा देंगे।
मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने कहा, "हमारी सरकार कपड़ा उद्योग को बेहतरीन बुनियादी ढांचा, भूमि, बिजली, पानी और विशेष वित्तीय छूट दे रही है।" उन्होंने आगे कहा, "तेलंगाना राइजिंग 2047' योजना का लक्ष्य देश की आजादी के सौवें वर्ष तक राज्य की अर्थव्यवस्था को तीन हजार अरब डॉलर तक पहुंचाना है, जिसमें वस्त्र उद्योग की बड़ी भूमिका होगी।" उन्होंने यह भी कहा, "तेलंगाना देश में कपास के सबसे बड़े उत्पादकों में से एक है और यहां का कपास अपनी गुणवत्ता के लिए दुनियाभर में जाना जाता है।" मुख्यमंत्री ने यह भी साफ किया, "पर्यावरण की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए राज्य में 'हरित वस्त्र केंद्र' स्थापित किए जाएंगे।"