Bhola.Pandey @timesofindia.com
n फरीदाबाद: रेल यात्रियों की सुरक्षा को मजबूत करने तथा ट्रेनों व स्टेशनों पर होने वाले अपराधों पर लगाम कसने के लिए रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने एक अहम पहल शुरू की है। अब आरपीएफ जवानों को बॉडी-वॉर्न कैमरों से लैस किया जा रहा है, जिससे उनकी ड्यूटी के दौरान होने वाली हर गतिविधि रेकॉर्ड हो सकेगी। इस व्यवस्था को दिल्ली-एनसीआर के प्रमुख स्टेशनों, फरीदाबाद, गुड़गांव, हजरत निजामुद्दीन समेत अन्य भीड़भाड़ वाले स्टेशनों पर लागू किया जा रहा है। आरपीएफ अधिकारियों का मानना है कि कैमरा होने से कई संदिग्ध चीजें भी कैच हो सकती है तो जरूरत पड़ने पर साक्ष्य के तौर पर काम आएगी। अभी तक ये सुविधा स्थानीय पुलिस, ट्रैफिक और एंबुलेंसकर्मियों को दी जा रही थी। लेकिन अब इसे आरपीएफ स्टेशन पर तैनात कर्मचारियों के लिए शुरू किया है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले समय में 100 और बॉडी-वर्न कैमरे मंगाए जा रहे हैं। सभी भीड़भाड़ वाले स्टेशनों पर ड्यूटी करने वाले कर्मचारियों को दिए जाएंगे।
विडियो और ऑडियो रिकॉर्डिंग करेंगे : आरपीएफ अधिकारियों के अनुसार, ये कैमरे जवानों की वर्दी के साथ कंधे पर लगाए जाते हैं, जो ड्यूटी के दौरान लगातार विडियो और ऑडियो रिकॉर्डिंग करते हैं। खासतौर पर चलती ट्रेनों में गश्त के दौरान संदिग्ध गतिविधियों, चोरी, छेड़छाड़ और अन्य अपराधों पर नजर रखने में यह तकनीक बेहद कारगर साबित होगी। इसके साथ ही किसी भी घटना के समय सटीक डिजिटल साक्ष्य जुटाना आसान हो जाएगा। अधिकारियों का कहना है कि तकनीकी रूप से ये कैमरे हाई-रेजोल्यूशन विडियो रिकॉर्डिंग, नाइट विजन और लंबी बैटरी बैकअप जैसी सुविधाओं से लैस होते हैं। रेलवे सुरक्षा एजेंसियां इस डेटा का विश्लेषण कर अपराध के पैटर्न को भी समझ सकेंगी।

