n NBT रिपोर्ट, नोएडा
पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI के इशारे पर उत्तर प्रदेश में खौफ का साम्राज्य खड़ा करने की एक बड़ी साजिश को यूपी एटीएस (ATS) ने नाकाम कर दिया है। लखनऊ रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किए गए चार संदिग्धों में से दो युवक ग्रेटर नोएडा के छपरौला गांव के रहने वाले हैं। ये आरोपी पिछले तीन महीनों से जनपद के नामी राजनेताओं, प्रतिष्ठित संस्थानों और संवेदनशील ठिकानों की रेकी कर रहे थे। पैसे के लालच में देश से गद्दारी करने वाले इन युवकों का मकसद रेलवे सिग्नल और गैस सिलेंडरों के ट्रकों में ब्लास्ट कर बड़ी तबाही मचाना था।
एटीएस की जांच में सामने आया है कि इस गिरोह का मास्टरमाइंड मेरठ का साकिब उर्फ डेविल (25) है, जो पेशे से नाई का काम करता था। साकिब टेलीग्राम और सिग्नल जैसे ऐप के जरिए पाकिस्तानी हैंडलर्स के संपर्क में था। साकिब ने ही छपरौला (गौतमबुद्ध नगर) निवासी विकास गहलावत उर्फ रौनक (27) और लोकेश उर्फ पपला पंडित (19) को अपने जाल में फंसाया। ये दोनों युवक नोएडा और एनसीआर में वीआईपी मूवमेंट और बड़े संस्थानों की रेकी कर आतंकियों को जानकारी भेजते थे।
बढ़ेगी जांच की आंच : गौतमबुद्ध नगर में इन दो आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद एटीएस अब यह पता लगा रही है कि जिले में इनके और कितने मददगार सक्रिय हैं। पकड़े गए आरोपियों के ठिकानों पर छापेमारी कर अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज और डिजिटल साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं।



