14 सोसायटियों ने नहीं भरा करोड़ों का जुर्माना, कानूनी कार्रवाई की चेतावनी

नवभारतटाइम्स.कॉम

शहर की 14 सोसायटियों पर करोड़ों रुपये का जुर्माना लगाया गया है। यह जुर्माना सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट में खामियों और पर्यावरण मानकों के उल्लंघन पर लगा है। सोसायटियों ने अभी तक यह राशि नहीं भरी है। हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने बकाया रकम नहीं भरने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है।

legal action looms over 14 societies for non payment of crores in fines

n NBT न्यूज, गुड़गांव

सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP) में खामियों और पर्यावरण से जुड़े मानकों के उल्लंघन पर शहर की 14 सोसायटियों पर हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (HSPCB) की ओर से करोड़ों रुपये का जुर्माना लगाया गया। यह जुर्माना अब तक नहीं भरा गया है। ऐसे में बोर्ड ने बकाया रकम नहीं भरने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है। HSPCB गुड़गांव नॉर्थ की क्षेत्रीय अधिकारी आकांक्षा तंवर ने बताया कि जुर्माना लगाए जाने के छह महीने के भीतर सोसायटी को पूरी रकम जमा करनी होती है। अगर तय समय में भुगतान नहीं किया जाता, तो संबंधित सोसायटी का पूरा रेकॉर्ड कार्रवाई के लिए डीसी कार्यालय को भेज दिया जाता है। जानकारी के अनुसार शहर की सोसायटियों पर 6 से आठ करोड़ रुपये का जुर्माना है। बोर्ड अधिकारियों के मुताबिक यह जुर्माना एसटीपी के खराब संचालन, बिना ट्रीटमेंट के पानी के डिस्चार्ज और निर्धारित जल गुणवत्ता मानकों का पालन नहीं करने के कारण लगाया गया था।

निरीक्षण कर की थी कार्रवाई : निरीक्षण के दौरान कई सोसायटियों में एसटीपी मशीनरी बंद पाई गई, जबकि कुछ जगहों पर ट्रीटेड पानी की गुणवत्ता तय मानकों से काफी खराब मिली। अधिकारियों का कहना है कि एसटीपी के सही ढंग से संचालित नहीं होने पर अनट्रीटेड पानी नालों और भूजल तक पहुंच सकता है, जिससे पर्यावरण के साथ-साथ लोगों के स्वास्थ्य पर भी गंभीर असर पड़ने की आशंका रहती है। बोर्ड ने साफ किया है कि पर्यावरण नियमों की अनदेखी किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जरूरत पड़ने पर रिकवरी और अभियोजन की कार्रवाई भी की जा सकती है। साथ ही सभी सोसायटी प्रबंधन को एसटीपी की नियमित मॉनिटरिंग, समय-समय पर पानी की गुणवत्ता जांच और मशीनों के रखरखाव को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।