अजमेर में Sbi क्रेडिट कार्ड ठगी: हेल्थ इंश्योरेंस के नाम पर युवक से लाखों की धोखाधड़ी, साइबर थाने में शिकायत
अजमेर में SBI क्रेडिट कार्ड ठगी: हेल्थ इंश्योरेंस के नाम पर युवक से लाखों की धोखाधड़ी, साइबर थाने में शिकायत
NewsPoint•
अजमेर में साइबर ठगी का एक और मामला सामने आया है। ठगों ने एसबीआई क्रेडिट कार्ड विभाग का कर्मचारी बनकर एक युवक को निशाना बनाया। हेल्थ इंश्योरेंस बंद कराने का झांसा देकर उसकी बैंकिंग जानकारी ली गई। इसके बाद युवक के खाते से पैसे निकाल लिए गए। पीड़ित ने साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई है।
अजमेर में एक युवक साइबर ठगी का शिकार हो गया। ठगों ने खुद को एसबीआई क्रेडिट कार्ड विभाग का कर्मचारी बताकर युवक से हेल्थ इंश्योरेंस बंद कराने का झांसा दिया। युवक ने झांसे में आकर अपनी बैंकिंग जानकारी साझा कर दी, जिसके बाद उसके खाते से पैसे उड़ा लिए गए। पीड़ित ने साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई है और पुलिस जांच में जुट गई है।
यह घटना राजस्थान के अजमेर जिले में हुई, जहां एक बार फिर साइबर ठगी का मामला सामने आया है। ठगों ने बड़ी चालाकी से एक युवक को अपना निशाना बनाया। उन्होंने फोन पर खुद को एसबीआई क्रेडिट कार्ड विभाग का कर्मचारी बताया। युवक को यह कहकर बरगलाया गया कि उसके क्रेडिट कार्ड से जुड़ा हेल्थ इंश्योरेंस सक्रिय है और अगर वह इसे बंद करवाना चाहता है तो कुछ जरूरी प्रक्रियाएं पूरी करनी होंगी।युवक ठगों की बातों में आ गया और उसने मांगी गई जानकारी साझा कर दी। इसके बाद, ठगों ने बैंकिंग प्रक्रिया के नाम पर उससे कुछ और गोपनीय जानकारियां भी हासिल कर लीं। कुछ ही देर बाद, युवक के मोबाइल पर उसके खाते से पैसे कटने के मैसेज आने लगे। जब युवक को ठगी का अहसास हुआ, तो उसने तुरंत अपने बैंक से संपर्क किया। लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी और उसके खाते से रकम निकाली जा चुकी थी।
इस घटना के बाद, पीड़ित युवक ने तुरंत साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलने के बाद, पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है। पुलिस साइबर विशेषज्ञों की मदद ले रही है। वे कॉल डिटेल और लेनदेन से जुड़े रिकॉर्ड खंगाल रहे हैं ताकि इन ठगों का पता लगाया जा सके और उन्हें पकड़ा जा सके।
पुलिस ने लोगों से एक खास अपील की है। उन्होंने कहा है कि किसी भी अनजान कॉल पर अपनी बैंक, क्रेडिट कार्ड या इंश्योरेंस से जुड़ी कोई भी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा न करें। इसके अलावा, किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक करने से बचें और अपना ओटीपी (वन टाइम पासवर्ड) किसी को न बताएं। अगर कोई व्यक्ति खुद को बैंक कर्मचारी बताकर आपसे जानकारी मांगता है, तो पहले उसकी पहचान की पुष्टि जरूर करें। साइबर अपराधियों के बढ़ते मामलों को देखते हुए, पुलिस नागरिकों को सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत शिकायत करने की सलाह दे रही है। यह घटना एक बार फिर यह बताती है कि ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने के लिए हमें कितनी सावधानी बरतने की जरूरत है। हमें अपनी व्यक्तिगत और वित्तीय जानकारी को सुरक्षित रखना चाहिए और किसी भी लुभावने ऑफर या धमकी भरे कॉल पर तुरंत विश्वास नहीं करना चाहिए।