केरल के खेल मंत्री ओजे जनीश की सरकारी गाड़ी पर हमले, डीवाईएफआई पर आरोप
केरल के खेल मंत्री ओजे जनीश की सरकारी गाड़ी पर हमले, डीवाईएफआई पर आरोप
NewsPoint•
कन्नूर जिले में खेल मंत्री ओजे जनीश की सरकारी गाड़ी पर गुरुवार को कई बार हमले हुए। ये हमले सीपीआई-एम की युवा शाखा डीवाईएफआई के कार्यकर्ताओं द्वारा किए गए। सुरक्षा व्यवस्था पर ये घटना सवाल खड़े कर रही है। पहला हमला तालिपरांबा के कुप्पम में हुआ, जब मंत्री कासरगोड जा रहे थे। डीवाईएफआई कार्यकर्ताओं ने उनकी गाड़ी को रोका और उस पर पत्थर फेंके। इस हमले में गाड़ी के झंडे का पोल और रेन गार्ड भी क्षतिग्रस्त हो गए। सुरक्षाकर्मियों और पुलिस को प्रदर्शनकारियों को हटाने में कठिनाई हुई। इसके बाद मंत्री को पय्यानूर और कासरगोड के रास्ते में भी कई विरोधों का सामना करना पड़ा।
गाड़ी पर फिर से हमला तब हुआ जब वह पय्यानूर पार कर रहे थे। ये घटनाएं कासरगोड बॉर्डर तक जाती रहीं। कांग्रेस नेताओं ने हमलों को सुरक्षा में गंभीर चूक बताया। उन्होंने कहा कि मंत्री की गाड़ी पर कम समय में दो बार हमले हुए। ये घटनाएं तब हुईं जब डीवाईएफआई नेता एम. विजिन ने कहा था कि उनका संगठन मंत्री के बयानों का सड़कों पर विरोध करेगा।जनीश ने हाल ही में तिरुवनंतपुरम में एक विरोध मार्च का नेतृत्व किया था जहाँ यूथ कांग्रेस और भाजपा के बीच राजनीतिक टकराव देखा गया। इस मार्च के बाद यूथ कांग्रेस और एसएफआई कार्यकर्ताओं के बीच झड़पें हुईं। जनीश ने एसएफआई कार्यकर्ताओं पर आरोप लगाया था कि उन्होंने जान-बूझकर यूथ कांग्रेस के मार्च पर बीयर की बोतलें फेंकीं। उन्होंने यह भी कहा कि एसएफआई ने कांग्रेस के प्रदर्शन में बाधा डालने की कोशिश की।
ये ताजा हमले राज्य में मंत्रियों और वरिष्ठ नेताओं के खिलाफ हो रहे व्यापक विरोध प्रदर्शनों के बीच हुए हैं। बुधवार को भाजपा युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री वीडी सतीसन और अन्य मंत्रियों के खिलाफ प्रदर्शन किया। उनका यह कदम केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के कोल्लम दौरे के दौरान यूथ कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन के जवाब में था। मुख्यमंत्री सतीसन ने चेतावनी दी है कि अगर हिंसा की घटनाएं जारी रहीं, तो सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
गृह मंत्री रमेश चेन्निथला ने जनीश से फोन पर बात की और कन्नूर की घटनाओं के बारे में जानकारी ली। उन्होंने डीजीपी को निर्देश दिया कि हमले में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। घटना की जानकारी मिलने पर सतीसन ने भी जनीश से बात की। इसके बाद पुलिस ने जनीश की सुरक्षा बढ़ा दी है। उनके सार्वजनिक कार्यक्रमों के दौरान अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी तैनात किए जाएंगे। इसके अलावा, जिलों से गुजरते समय उनके साथ अधिक पायलट और एस्कॉर्ट गाड़ियाँ रहेंगी।
मंत्री के दफ्तर और आवास पर भी पुलिस की खास निगरानी रखी जाएगी। कन्नूर पुलिस ने हमले में शामिल लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है और जांच शुरू कर दी है। यह घटनाएं राज्य में राजनीतिक तनाव को और बढ़ा रही हैं। ऐसे में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर और भी कड़े कदम उठाए जाने की आवश्यकता है।
कुल मिलाकर, इन हमलों ने एक बार फिर से सुरक्षा प्रबंधन और राजनीतिक विवादों को लेकर चिंता बढ़ा दी है। अब यह देखना होगा कि संबंधित अधिकारी इस मामले में क्या कार्रवाई करते हैं और क्या राजनीतिक पार्टियों के बीच का यह टकराव आगे बढ़ता है या ठंडा होता है।